मौत से पहले रिकॉर्ड ऑडियो में है अलग कहानी
UP बुलंदशहर: उत्तरप्रदेश बुलंदशहर के औरंगाबाद थाना लखावटी पुलिस चौकी के, सिपाही सुधीर सिंह ने गुरुवार, 16 जुलाई को सुबह करीब 3 बजे, खुद को गोली मारकर आत्महत्या कर ली। मौत से पहले का उनका एक ऑडियो वायरल हो रहा है, जिसमें उन्होंने 3 पुलिसकर्मी को जिम्मेदार ठहराया है। वहीं, प्रेमिका के शादी का ग़म न सह पाने वाली बात भी सामने आ रही है।
सिपाही सुधीर सिंह की पृष्ठभूमि
सिपाही सुधीर सिंह, मूल रूप से उत्तरप्रदेश के आगरा जिले के इरादतनगर क्षेत्र से संगोचा (सिंगोचा) गाँव के रहने वाले थे। 25 वर्षीय सिपाही सुधीर सिंह, 3 महीने पहले ही नौकरी ज्वाइन किए थे। परिवार में मां गुड्डी देवी और पिता जगवीर खेती करते थे, बड़े भाई 32 वर्षीय कृष्णा विवाहित हैं और गांव में खेती करते हैं, छोटा भाई पवन (21 वर्षीय) पढ़ाई कर रहा है। सुसाइड के 2 कारण सामने आ रहे हैं।
आत्महत्या से पहले रिकॉर्ड ऑडियो का सच
सिपाही सुधीर सिंह, सुबह के 3 बजे खुद को गोली मार कर आत्महत्या कर लेते हैं। पर एक रिकॉर्डिंग मिलती है, जिसकी कहानी काम के दबाव और टॉक्सिक वर्कप्लेस की ओर इशारा कर रही है। ऑडियो में सुधीर ने 2 सह पुलिसकर्मियों तथा एसओ पर आरोप लगाया है कि, मेरी मौत के जिम्मेदार ये 3 लोग हैं।
सुधीर ने ऑडियो में कहा है — मेरी मौत के लिए एसओ और दोनों मुंशी जिम्मेदार हैं। पेट दर्द की शिकायत करने पर एसओ ने टॉर्चर किया और लाइन हाजिर कर दिया। दोनों मुंशियों ने भी मेरी बात नहीं सुनी। अब मैं नौकरी और जीवन दोनों से त्यागपत्र दे रहा हूं।
ऑडियो रिकॉर्ड के अनुसार, छुट्टी न मिलने पर सिपाही ने आत्महत्या किया है। सिपाही के भाभी ने भी यही आरोप लगाया है कि छुट्टी न मिलने पर देवर ने जान दी है। वहीं साथी सिपाही का बयान भी नजरअंदाज नहीं किया जा सकता।
साथी सिपाही का बयान
सही सिपाही ने बताया — रात में कह रहा था, अब जीना नहीं चाहता। साथी सिपाही सौरभ ने बताया कि बुधवार देर रात को साथ में बैठे थे और सुधीर बेचैन था। वह बार बार कह रहा था कि अब जीना नहीं चाहता। गुरुवार, को सुबह 3 बजे अपनी राइफल लेकर लखावटी चौक से थोड़ी दूर नगर के पास जाने लगा।

मुझे शक हुआ, मैं उसके पीछे पीछे जाने लगा, सुधीर ने मुझे मना किया। मेरे न मानने पर, हमारे बीच कहासुनी हुई, मेरे रोकने की कोशिश पर हवा में फायरिंग कर दी। इसके बाद मैं भागकर इंचार्ज को बताने गया, मेरे निकलते ही सुधीर ने राइफल से खुद की जान ले ली।
सिपाही ने ऑडियो में, त्यागपत्र के बाद न्याय की लगाई गुहार
सिपाही की ऑडियो की हूबहू कॉपी — 13 जुलाई की दोपहर मेरे पेट में दर्द हो रहा था। यह बात मैने अंकित – सुधीर को दी, लेकिन उन मेरी बात नहीं सुनी।
इसके बाद मैंने एसओ राहुल चौधरी को अपनी परेशानी बताई, तो वह नाराज़ हो गए।
मेरे साथ गलत व्यवहार किए, टॉर्चर किया, गाली – गलौज की और लाइन हाजिर करवा दिया। इन सब बातों से परेशान होकर मैं नौकरी और जीवन से त्यागपत्र दे रहा हूं। मेरी आत्महत्या की वजह मुंशी और एसओ हैं। मुझे बस न्याय चाहिए।
परिवार वालों का बयान
भाभी चिंकी ने बताया — सुधीर ने बड़े भाई को बताया कि उसके पेट में दर्द है, उन्होंने कहा छुट्टी ले लो। सुधीर ने छुट्टी मांगी थी, लेकिन उसे छुट्टी नहीं दी गई, उल्टा उसे टॉर्चर किया गया।
पिता जगवीर बोले — कल बेटे से बात हुई तो वह कह रहा था कि उसके पेट में दर्द है। छूट्टी मिल जाएगी तो वह ड्यूटी नहीं जाएगा। इसके साथ ही उन्होंने संदेह दिखाया, हमें तो पता था बेटा ऑन ड्यूटी था, राइफल से गोली चल गई या लगी, यह पता नहीं चला।
सीओ साहब ने कहा कि एक बेटे कृष्णवीर को नौकरी दे देंगे, जो भी आर्थिक सहायता बनती है वो दिला देंगे। अब हम असंतुष्ट होकर भी क्या कर सकते हैं? हम तो गरीब आदमी हैं।
UP बुलंदशहर : प्रशासन की कार्रवाई
एसपी दिनेश कुमार सिंह ने थानाध्यक्ष राहुल चौधरी, दोनों मुंशी अंकित और सुधीर को लाइन हाजिर कर दिया है। विभागीय जांच भी बैठा दी गई है। परिवार वालों को आर्थिक सहायता और बड़े भाई को नौकरी देने की बात की गई है।